विजेता गांव के विकास के लिए केंद्र सरकार देगी 1 करोड़ रुपये की वित्तीय सहायता
हिसार, 7 अगस्त।
जिला हिसार में पीएम सूर्य घर मुफ्त बिजली योजना के प्रभावी क्रियान्वयन को लेकर उपायुक्त महेंद्र पाल की अध्यक्षता में एक महत्वपूर्ण समीक्षा बैठक आयोजित की गई। बैठक में अवगत कराया गया कि केंद्र सरकार के दिशा-निर्देशानुसार जिले के एक गांव को ‘मॉडल सोलर विलेज’ के रूप में विकसित किया जाएगा। इस विशेष परियोजना के लिए सरकार द्वारा विजेता गांव को 1 करोड़ रुपये का अनुदान प्रदान किया जाएगा।
उपायुक्त महेंद्र पाल ने कहा कि मॉडल सोलर विलेज का चयन पूरी तरह से प्रतिस्पर्धा के आधार पर किया जाएगा। जिले का जो भी गांव सबसे अधिक सौर ऊर्जा क्षमता स्थापित करेगा, वह इस प्रतियोगिता का विजेता बनेगा। उन्होंने स्पष्ट किया कि योजना के नियमानुसार मैदानी क्षेत्रों में इस स्पर्धा में शामिल होने वाले गांवों की न्यूनतम आबादी 5,000 से अधिक होनी अनिवार्य है। जिले में अभी तक ऐसे 80 से गांव चिन्हित किए गए है। अक्षय ऊर्जा विभाग और बिजली वितरण कंपनियों को निर्देश दिए गए हैं कि वे 5,000 से अधिक आबादी वाले गांवों में सर्वे शुरू करें।
संबंधित अधिकारी गांवों का दौरा कर ग्राम पंचायतों और मौजिज लोगों के साथ बैठकें करें और पंजीकरण के लिए प्रेरित करें। उपायुक्त ने कहा कि इस योजना से जहां ग्रामीणों को मुफ्त बिजली का लाभ मिलेगा, वहीं 1 करोड़ रुपये के वित्तीय अनुदान से गांव के सार्वजनिक स्थलों पर सोलर लाइटें, सामुदायिक भवनों पर सौर ऊर्जा संयंत्र और अन्य ढांचागत विकास कार्य करवाए जा सकेंगे। उन्होंने सभी अधिकारियों को टीम भावना के साथ काम करते हुए हिसार के गांव को प्रदेश में अव्वल लाने का आह्वान किया।
बैठक में अतिरिक्त उपायुक्त शालिनी चेतल, नगराधीश रोहित, सीईओ सुभाष चंद्र, डीडीपीओ नरेंद्र, सीएमजीजीए अमोल सहित अक्षय ऊर्जा विभाग व अन्य विभागों के वरिष्ठ अधिकारी उपस्थित रहे।











