Haryana: हरियाणा वासियों के लिए बड़ी खुशखबरी आई है। हरियाणा के मुख्यमंत्री नायब सिंह सैनी ने कहा कि उद्योग एवं विनिर्माण क्षेत्र का प्रदेश की अर्थव्यवस्था में महत्वपूर्ण योगदान है। आर्थिक विकास के दृष्टिकोण से राज्य के आगामी बजट में औद्योगिक क्षेत्र पर पूरा ध्यान दिया जाएगा।
प्रदेश सरकार ने आगामी बजट के लिए यह लक्ष्य रखा है कि बजट अधिक से अधिक रोजगार परक और उद्योगों के अनुकूल हो ताकि प्रदेश की अर्थव्यवस्था को मजबूती मिले व 2047 तक विकसित भारत की यात्रा में हरियाणा का योगदान अग्रणी हो।
नायब सिंह सैनी ने कहा कि बजट पूर्व परामर्श बैठक का लक्ष्य संबंधित हितधारकों के बहुमूल्य सुझाव लेकर प्रदेश में अधिक से अधिक उद्योगों के अनुकूल माहौल बनाना है। बीते वर्ष भी उद्योगों के साथ इस तरह बजट पूर्व परामर्श बैठक की गई थी, जिसमें बेहतरीन सुझाव आए थे, जिससे नीतियों को अधिक मजबूती मिली।
बैठक में सुझाव प्राप्त हुए थे, जिसमें से 71 सुझावों को बजट में शामिल किया गया। उद्योग एवं श्रम विभाग के लिए वर्ष 2025 – 26 बजट में लगभग 1 हजार 951 करोड़ 43 लाख रुपये का प्रावधान किया गया, इसमें से 873 करोड़ 51 लाख रुपये की राशि खर्च की जा चुकी है। उन्होंने कहा कि बजट से जुड़े अच्छे सुझाव आमंत्रित हैं, कोई भी साथी एआई चैटबोट के माध्यम से अपने सुझाव दे सकता है।
खरखौदा में बनेगा सैटेलाइट शहर
मुख्यमंत्री ने कहा कि सोनीपत जिला के खरखौदा में 10 हजार एकड़ क्षेत्र में सैटेलाइट शहर बसाने की योजना है। इसके साथ-साथ राई में हॉल सेल मार्केट बनाई जाएगी। इसको लेकर व्यापारियों ने संपर्क करना भी शुरू कर दिया है।
उन्होंने कहा कि सरकार ने अपने संकल्प पत्र में ईवी पार्क बनाने का लक्ष्य भी रखा है। इसके साथ ही 70 हजार करोड़ रुपये की लागत से आरआरटीएस की डीपीआर बन चुकी है, जल्द ही उसका टेंडर होगा। यह सराय काले खां से करनाल व सराय काले खां से अलवर तक जाएगा, इससे प्रदेशवासियों को लाभ मिलेगा। वहीं मानेसर में कन्वेंशन सेंटर बनाया जाएगा।
उन्होंने कहा कि लघु सचिवालय परिसर बावल में 26 लाख रुपये की राशि से लेबर कोर्ट बनाई जाएगी, इसके लिए बजट लोक निर्माण विभाग(भवन एवं सड़कें) को दिया जा चुका है।
धरातल पर उतर रही घोषणाएं
मुख्यमंत्री श्री नायब सिंह सैनी ने कहा कि हरियाणा सरकार बजट में की गई घोषणाओं को लगातार धरातल पर उतारने का कार्य कर रही है। पिछले बजट में उद्योग एवं श्रम विभाग के बजट को 129.37 प्रतिशत तक बढ़ाया गया था ताकि इसे और अधिक सशक्त बनाया जाए।
हरियाणा सरकार ने श्रमिकों के लिए डॉरमेट्री और सिंगल रूम के निर्माण हेतु आईएमटी बावल में 5 एकड़, आईएमटी फरीदाबाद में 2.76 एकड़ तथा आईएमटी सोहना में 5.47 एकड़ भूमि अधिकृत की है।
आईएमटी खरखौदा के विस्तार के लिए 3 करोड़ रुपये प्रति एकड़ की दर से लगभग 5800 एकड़ भूमि की पहचान की जा चुकी है। इसे शीघ्र ही औद्योगिक नीति-2022 के अंतर्गत अधिकृत किया जाएगा।










