Haryana: हरियाणा में कर्मचारियों के लिए खुशखबरी, 5 KW तक सोलर प्लेट लगवाने पर सरकार दे रही पैसा

Published On: March 22, 2026
Follow Us
Good news for employees in Haryana

Haryana: हरियाणा से बड़ी खबर सामने आ रही है। सरकार द्वारा सौर ऊर्जा को बढ़ावा देने के लिए सौर ऊर्जा प्रोत्साहन योजना (एसयूपीवाई) लागू की है। इस योजना के तहत राज्य सरकार के कर्मचारी, निगम/बोर्ड/कॉर्पोरेशन के कर्मचारी तथा HKRN कर्मचारी (जिनकी नौकरी सुरक्षित है) अपने आवास पर 5 किलोवाट तक रूफटॉप सोलर (आरटीएस) सिस्टम स्थापित कर सकते हैं। योजना का लाभ उन्हीं उपभोक्ताओं को मिलेगा जिनका पिछले बिलिंग चक्र में कोई बकाया राशि नहीं है।

इस योजना के अंतर्गत पात्र उपभोक्ताओं को बिजली विभाग द्वारा ब्याज मुक्त वित्तीय सहायता उपलब्ध कराई जाएगी, जिसे 24/12 बिजली बिलों के माध्यम से (मासिक/द्वैमासिक बिलिंग के अनुसार) वसूल किया जाएगा। इससे उपभोक्ताओं को एकमुश्त बड़ी राशि खर्च करने की आवश्यकता नहीं होगी और सौर ऊर्जा अपनाना आसान होगा।

सौर ऊर्जा प्रोत्साहन योजना के तहत 1 किलोवाट से 5 किलोवाट तक की क्षमता पर निर्धारित बेंचमार्क लागत तय की गई है। 1 किलोवाट सौलर सिस्टम की कुल लागत 55 हजार रुपये निर्धारित की गई है, जिसमें उपभोक्ता को केवल पांच हजार 500 रुपये (10 प्रतिशत) अग्रिम भुगतान करना होगा। 30 हजार रुपये की केंद्रीय वित्तीय सहायता (CFA) दी जाएगी।

Haryana Weather: हरियाणा के इन जिलों में अगले 3 घंटे में होगी बारिश, अलर्ट जारी

इसके अलावा बिजली विभाग द्वारा 19 हजार 500 रुपये की ब्याज मुक्त सहायता प्रदान की जाएगी। इसी प्रकार 02 किलोवाट सौलर सिस्टम की कुल लागत एक लाख 10 हजार रुपये निर्धारित की गई है, जिसमें उपभोक्ता को 11 हजार रुपये (10 %) अग्रिम भुगतान करना होगा। 60 हजार रुपये की केंद्रीय वित्तीय सहायता (CFA) दी जाएगी। इसके अलावा बिजली विभाग द्वारा 39 हजार रुपये की ब्याज मुक्त सहायता प्रदान की जाएगी।

इसके अलावा 03 किलोवाट सौलर सिस्टम की कुल लागत एक लाख 65 हजार रुपये निर्धारित की गई है, जिसमें उपभोक्ता को 16 हजार 500 रुपये (10 %) अग्रिम भुगतान करना होगा। 78 हजार रुपये की केंद्रीय वित्तीय सहायता (CFA) दी जाएगी। इसके अलावा बिजली विभाग द्वारा 58 हजार 500 रुपये की ब्याज मुक्त सहायता प्रदान की जाएगी। इसके साथ ही उपभोक्ता को 12 हजार रूपये वहन करने होंगे।

इसी प्रकार 04 किलोवाट सौलर सिस्टम की कुल लागत दो लाख 20 हजार रुपये निर्धारित की गई है, जिसमें उपभोक्ता को 22 हजार रुपये (10 %) अग्रिम भुगतान करना होगा। 78 हजार रुपये की केंद्रीय वित्तीय सहायता (CFA) दी जाएगी। इसके अलावा बिजली विभाग द्वारा 78 हजार रुपये की ब्याज मुक्त सहायता प्रदान की जाएगी। इसके साथ ही उपभोक्ता को 42 हजार रूपये वहन करने होंगे।

Haryana: 17 जुलाई को हरियाणा आएंगे पीएम मोदी, हाइड्रोजन ट्रेन और रेलवे परियोजनाओं का करेंगे उद्घाटन

इसी प्रकार 05 किलोवाट सौलर सिस्टम की कुल लागत दो लाख 75 हजार रुपये निर्धारित की गई है, जिसमें उपभोक्ता को 27 हजार 500 रुपये (10 %) अग्रिम भुगतान करना होगा। 78 हजार रुपये की केंद्रीय वित्तीय सहायता (CFA) दी जाएगी। इसके अलावा बिजली विभाग द्वारा 97 हजार 500 रुपये की ब्याज मुक्त सहायता प्रदान की जाएगी। इसके साथ ही उपभोक्ता को 72 हजार रूपये वहन करने होंगे।

इस योजना के माध्यम से राज्य कर्मचारी उपभोक्ता अपनी बिजली लागत में उल्लेखनीय कमी ला सकेंगे तथा पर्यावरण संरक्षण में भी योगदान देंगे। इस योजना के माध्यम से राज्य सरकार का लक्ष्य अधिक से अधिक सरकारी कर्मचारियों को सौर ऊर्जा से जोडकऱ हरित ऊर्जा को बढ़ावा देना है।

हरियाणा में लगातार बदल रहा मौसम, इन जिलों में बारिश का अलर्ट

Join WhatsApp

Join Now

Join Telegram

Join Now

Leave a Comment