Haryana: हरियाणा से बड़ी खबर सामने आ रही है। हरियाणा सरकार ने प्रदेश के सरकारी कर्मचारियों और पेंशनरों को मिलने वाली LTC (Leave Travel Concession) सुविधा के स्वरूप में बड़ा बदलाव किया है। मानव संसाधन विभाग द्वारा जारी नए दिशा-निर्देशों के अनुसार, अब कर्मचारी पर्यटन के बदले मिलने वाली एक महीने की अतिरिक्त सैलरी या पेंशन का नकद लाभ नहीं ले सकेंगे। इस सुविधा का लाभ उठाने के लिए भविष्य में कर्मचारियों को वास्तव में यात्रा करनी होगी।
इस फैसले के दायरे में प्रदेश के सभी सरकारी विभागों, बोर्डों और निगमों के नियमित कर्मचारी आएंगे। इसके अलावा, सेवानिवृत्त पेंशनभोगी, ‘हार्मोन’ के माध्यम से लगे आउटसोर्स कर्मचारी, ज्यूडिशियल अधिकारी और ऑल इंडिया सर्विस के अधिकारी भी इस नए नियम के दायरे में शामिल हैं। विभिन्न वैधानिक निकायों के अध्यक्ष और गैर-आधिकारिक सदस्य भी सरकार के इस फैसले से प्रभावित होंगे।
सरकार द्वारा स्पष्ट किया गया है कि 2026-2029 एलटीसी ब्लॉक के दौरान जो कर्मचारी अभी चल रहे हैं, वे 31 दिसंबर 2027 तक ही एक महीने की सैलरी या पेंशन वाली सुविधा का लाभ ले सकेंगे। इसके बाद यह विकल्प पूरी तरह से खत्म हो जाएगा। सरकार ने 2009 और उसके बाद जारी किए गए वे सभी आदेश भी वापस ले लिए हैं, जिनमें कर्मचारियों को एलटीसी के बदले एक महीने का वेतन लेने की अनुमति दी गई थी। नए नियमों के तहत लाभ लेने के लिए उन्हें यात्रा का विवरण और खर्च से जुड़े दस्तावेज जमा कराने होंगे।
आदेश के मुताबिक, एलटीसी के नियमों में किए गए इस बदलाव का मुख्य उद्देश्य इस सुविधा को इसके मूल उद्देश्य से जोड़ना है। सरकार चाहती है कि पर्यटन और यात्रा को बढ़ावा मिले, ताकि कर्मचारी वास्तव में यात्रा करें और यात्रा के लिए दी जाने वाली इस सुविधा का सही मायनों में लाभ उठाएं।









