चंडीगढ़, 26 अप्रैल- सहकारिता, कारागार, निर्वाचन, विरासत एवं पर्यटन मंत्री डॉ. अरविंद शर्मा ने कहा कि भगवान परशुराम जी की जयंती पूरे देश में बड़े धूमधाम से मनाई जा रही है। भगवान परशुराम, भगवान विष्णु के छठे अवतार हैं और वे किसी एक वर्ग विशेष के नहीं, बल्कि पूरे समाज के आराध्य हैं। उन्होंने अन्याय और अत्याचार के विरुद्ध संघर्ष करते हुए सर्व समाज के हित में कार्य किया। उनके विचारों से सनातन संस्कृति को और अधिक मजबूती मिलेगी। प्रधानमंत्री नरेंद्र मोदी भी उनके दिखाए मार्ग पर चलते हुए समाजहित में कार्य कर रहे हैं, जिससे सनातन संस्कृति सशक्त हुई है।
डॉ. अरविंद शर्मा रविवार को कैथल स्थित ब्राह्मण धर्मशाला में भगवान परशुराम जयंती के उपलक्ष्य में आयोजित कार्यक्रम को संबोधित कर रहे थे। इससे पूर्व उन्होंने भगवान परशुराम मंदिर में पूजा-अर्चना की। इस दौरान उन्होंने प्रदेशाध्यक्ष मोहन लाल बड़ौली के साथ प्रधानमंत्री नरेंद्र मोदी के ‘मन की बात’ कार्यक्रम को देखा और सुना।
डॉ. शर्मा ने कहा कि गोवा भगवान परशुराम की कर्मस्थली मानी जाती है। उनके जन्मस्थान को लेकर प्रधानमंत्री द्वारा एक शोध पीठ का गठन किया गया था, जिसमें विद्वानों ने अध्ययन कर निष्कर्ष निकाला कि भगवान परशुराम का जन्म इंदौर के निकट जानापाव स्थल पर हुआ था। यह स्थान श्रद्धालुओं के लिए दर्शन योग्य है। इसके अलावा अरुणाचल प्रदेश में भगवान परशुराम कुंड भी स्थित है। गोवा में सात दिन तक चलने वाली कथा का आयोजन पंडित दलीप शास्त्री द्वारा किया जाता है। ऐसी कथाओं का आयोजन हरियाणा में भी होना चाहिए, ताकि लोगों को भगवान परशुराम के जीवन और आदर्शों का व्यापक ज्ञान मिल सके। जिला स्तर पर भी इस प्रकार के आयोजन किए जाने चाहिए।
उन्होंने कहा कि प्रधानमंत्री नरेंद्र मोदी के नेतृत्व में भारत नई ऊंचाइयों को छू रहा है और वैश्विक स्तर पर देश की प्रतिष्ठा बढ़ी है। सनातन संस्कृति को सुदृढ़ करने के साथ-साथ देश में एकजुटता भी बढ़ी है। केंद्र व प्रदेश सरकार द्वारा पात्र व्यक्तियों तक योजनाओं का लाभ पारदर्शी ढंग से पहुंचाया जा रहा है। अब नौकरियां योग्यता के आधार पर मिल रही हैं ‘बिना खर्ची, बिना पर्ची’। सभी वर्गों के युवाओं को बिना भेदभाव के अवसर मिल रहे हैं।
उन्होंने बताया कि रोहतक के पहरावर में स्थित गौड़ ब्राह्मण विद्या प्रचारिणी संस्था देश की प्रमुख संस्थाओं में से एक है, जिसके लिए हरियाणा सरकार ने साढ़े 15 एकड़ भूमि प्रदान की है। इसकी सदस्यता के लिए पंजीकरण जारी है। बजट सत्र में चार एकड़ भूमि पर भगवान परशुराम स्मृति स्थल पर संग्रहालय निर्माण का प्रस्ताव रखा गया था, जिसे मुख्यमंत्री ने स्वीकृति दे दी है। इसके निर्माण के बाद देश-विदेश से लोग देखने आएंगे।
डॉ. शर्मा ने बताया कि हरियाणा सरकार भगवान परशुराम के नाम पर 900 करोड़ रुपये की लागत से मेडिकल कॉलेज का निर्माण कर रही है। भिवानी स्थित नेकी राम शर्मा मेडिकल कॉलेज में एमबीबीएस की पढ़ाई शुरू हो चुकी है। इसके अतिरिक्त झज्जर, करनाल, पानीपत सहित कई स्थानों पर भगवान परशुराम के नाम से भवन और चौक विकसित किए जा रहे हैं। कैथल में भी भगवान परशुराम चौक का शुभारंभ किया गया है। सरकार ‘सबका साथ, सबका विकास’ की नीति पर कार्य कर रही है। उन्होंने ब्राह्मण धर्मशाला, कैथल के लिए पूर्व घोषणा के 26 लाख रुपये के साथ-साथ 11 लाख रुपये की नई राशि देने की घोषणा भी की।
भाजपा प्रदेशाध्यक्ष मोहन लाल बड़ौली ने कहा कि भगवान परशुराम जयंती पूरे महीने भर उत्साहपूर्वक मनाई जा रही है और हर वर्ष इस अवसर पर विभिन्न कार्यक्रम आयोजित किए जाते हैं। भगवान परशुराम तपोनिष्ठ, त्यागमूर्ति और पितृभक्त थे। उन्होंने केवल धर्म और समाज की रक्षा के लिए ही शस्त्र उठाए। समाज को उनके आदर्शों से प्रेरणा लेकर एकजुट रहने की आवश्यकता है। सरकार भी उनके दिखाए मार्ग पर चलते हुए ‘सबका साथ, सबका विकास, सबका विश्वास और सबका प्रयास’ के मंत्र के साथ कार्य कर रही है तथा पात्र लोगों तक योजनाओं का लाभ पहुंचा रही है।







