चंडीगढ़, 26 अप्रैल – केंद्रीय खेल मंत्रालय द्वारा श्रीनगर में आयोजित तीन दिवसीय राष्ट्रीय खेल चिंतन शिविर में हरियाणा राज्य की ओर से खेल एवं युवा कल्याण मंत्री श्री गौरव गौतम ने राज्य का गरिमामय प्रतिनिधित्व किया।
यह शिविर केंद्रीय खेल मंत्री श्री मनसुख मांडवीय और राज्य मंत्री श्री रक्षा खड़से की अध्यक्षता में आयोजित किया गया, जिसमें देश के सभी राज्यों एवं केंद्र शासित प्रदेशों के खेल मंत्री एवं वरिष्ठ अधिकारी शामिल हुए।
श्री गौरव गौतम ने “Clean and Safe Sports” विषय पर शिविर के दौरान सभी प्रतिनिधियों को कहा कि हरियाणा, जो देश की मात्र ढाई प्रतिशत आबादी वाला राज्य है, फिर भी राष्ट्रीय एवं अंतरराष्ट्रीय स्तर पर 50 प्रतिशत से अधिक पदक जीतने में सफल रहा है। उन्होंने इसके पीछे खिलाड़ियों की अथक मेहनत, लगन और हरियाणा सरकार की दूरदर्शी खेल नीतियों को प्रमुख कारण बताया।
खेल मंत्री ने कहा कि “हमारा सदैव का नारा रहा है — ‘देशां में देश हरियाणा, जित दूध दही का खाना’। हमारा खिलाड़ी हमेशा ड्रग्स और नशे से दूर रहकर स्वस्थ जीवन का प्रतीक बना है।”
उन्होंने सभी राज्यों के मंत्रियों एवं अधिकारियों से अपील की कि खिलाड़ियों को 10-12 वर्ष की आयु से ही डोपिंग के दुष्परिणामों के प्रति जागरूक किया जाए। साथ ही उन्होंने खेल जगत के सभी स्टेकहोल्डर्स से आग्रह किया कि खिलाड़ियों को प्रतिबंधित पदार्थ उपलब्ध कराने वाले गिरोहों पर सख्त कार्रवाई की जाए।
मिशन ओलंपिक-2036: विजयीभव
श्री गौरव गौतम ने हरियाणा सरकार की महत्वाकांक्षी योजना “मिशन ओलंपिक-2036: विजयीभव” के बारे में विस्तार से जानकारी दी। यह देश की पहली दस वर्षीय खेल योजना है, जिसके तहत हरियाणा के एक हजार से अधिक प्रतिभावान खिलाड़ियों को ओलंपिक स्तर की तैयारी कराई जाएगी। उन्होंने विश्वास जताया कि वर्ष 2036 के ओलंपिक में हरियाणा कम से कम 36 पदक देश की झोली में डालेगा।
हरियाणा के खेल मंत्री ने सभी राज्यों के खेल मंत्रियों को कहा कि “आइए हम सब मिलकर टोक्यो ओलंपिक में देश द्वारा जीते गए 7 पदकों को 2036 तक बढ़ाकर कम से कम 70 पदक करने का संकल्प करें।” यह आह्वान पूरे देश में खेल संस्कृति को नई ऊर्जा देने वाला साबित होगा।
हरियाणा की खेल नीति पर शॉर्ट फिल्म ने मंत्रियों का ध्यान खींचा
शिविर के अंतिम दिन हरियाणा सरकार द्वारा तैयार की गई विशेष शॉर्ट फिल्म का प्रदर्शन किया गया। इस फिल्म में हरियाणा की खेल नर्सरियों, खिलाड़ी बीमा योजना, कैश अवार्ड पॉलिसी, खिलाड़ी नौकरी कोटा और भविष्य की खेल योजनाओं को विस्तार से दिखाया गया। फिल्म ने सभी राज्यों के मंत्रियों और अधिकारियों का विशेष ध्यान आकर्षित किया। केंद्रीय खेल मंत्री श्री मनसुख मांडवीय ने हरियाणा की खेल नीतियों और खिलाड़ियों की उपलब्धियों की भूरि-भूरि प्रशंसा की। उन्होंने कहा कि अन्य राज्यों को भी केंद्र सरकार के समन्वय से हरियाणा की तर्ज पर अपनी खेल नीतियों को मजबूत करना चाहिए।
नई खेल नीति-2025 पर हुई विस्तृत चर्चा
शिविर में देशभर के खेल मंत्रियों एवं अधिकारियों ने नई खेल नीति-2025 और स्पोर्ट्स गवर्नेंस एक्ट के अनुरूप भविष्य की रणनीतियों पर विस्तार से चर्चा की। सभी ने सहमति जताई कि जल्द ही हर राज्य भारत सरकार की खेल नीति के अनुरूप अपने यहां खिलाड़ियों के विकास के लिए ठोस कदम उठाएगा।







